सितम्बर 18, 2026 5:30 अपराह्न

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दिल्ली उच्च न्यायालय ने आदेश दिया कि डूसू चुनाव के परिणाम घोषित होने के बाद कोई भी विजय जुलूस नहीं होगी

दिल्ली उच्च न्यायालय ने आज आदेश दिया कि दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ – डूसू चुनाव के परिणाम घोषित होने के बाद कोई भी विजय जुलूस नहीं निकाला जाना चाहिए। न्यायालय ने यह भी स्‍पष्‍टीकरण मांगा है कि चुनाव प्रचार के दौरान हुए नुकसान और नियमों के उल्लंघन के लिए उन पर चुनावी हर्जाना क्यों न लगाया जाए। मुख्य न्यायाधीश डी.के. उपाध्याय और न्यायमूर्ति तेजस कारिया की पीठ ने डूसू चुनाव के दौरान लिंगदोह समिति की सिफारिशों के बार-बार उल्लंघन को देखते हुए ये निर्देश पारित किए। दिल्ली विश्वविद्यालय के सभी परिसरों में मतदान जारी है।
 
पीठ ने कहा कि कोई भी विजय जुलूस न निकले यह सुनिश्चित करना दिल्ली पुलिस की जिम्मेदारी होगी। साथ ही आदेश का उल्लंघन करने पर आपराधिक और प्रशासनिक कार्रवाई के साथ-साथ न्यायालय की अवमानना की कार्यवाही भी की जाएगी।
 
अदालत में 16 सितम्‍बर को दिल्ली विश्वविद्यालय के उत्तरी परिसर में कुछ लोगों के अतिक्रमण करने और प्रोफेसरों और विद्यार्थियों के साथ मारपीट करने के आरोप वाली याचिका पर सुनवाई चल रही थी। दिल्ली पुलिस ने आज अदालत को बताया कि उसने कानून के उल्लंघन के लिए कार्रवाई की है। इसमें प्राथमिकी दर्ज करना और कुछ विद्यार्थियों को गिरफ्तार करना शामिल है।