ताइवान की सेना ने पांच दिवसीय तत्काल युद्ध तत्परता अभ्यास शुरू किया है। इस अभ्यास का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी आपात स्थिति में सैन्य बल तुरंत और प्रभावी ढंग से प्रतिक्रिया दे सकें। ताइवान के रक्षा मंत्रालय के अनुसार, इस अभ्यास के जरिए सैन्य इकाइयों की शांति काल से युद्धकालीन संचालन में तेजी से बदलाव करने की क्षमता को मजबूत किया जाएगा।
यह अभ्यास ऐसे समय में हो रहा है, जब हाल के वर्षों में चीन ने ताइवान के आसपास अपने सैन्य अभ्यास और गतिविधियां बढ़ा दी है। चीन ताइवान को अपना हिस्सा मानता है और उसके फिर से एकीकरण की वकालत करता है।
वहीं, ताइवान अपनी संप्रभुता पर कायम है और उसे देश के भीतर व्यापक जनसमर्थन प्राप्त है। ताइवान लगातार अपनी सुरक्षा तैयारियों को मजबूत करने और बाहरी दबावों का सामना करने के प्रयास कर रहा है।