पंजाब के राज्यपाल और केंद्र शासित प्रदेश चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया ने समाज के सभी वर्गों से नशीली दवाओं की लत को रोकने और नशा-मुक्त चंडीगढ़ बनाने के लिए मिलकर और लगातार प्रयास करने का आह्वान किया।
वे सचिवालय में चंडीगढ़ के स्वास्थ्य विभाग और समाज कल्याण विभाग के सहयोग से आयोजित ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कार्यक्रम में शामिल लोगों को ‘नशा मुक्त भारत’ की शपथ दिलाई और उनसे नशीली दवाओं के गलत इस्तेमाल के नुकसान के बारे में जागरूकता फैलाने का आह्वान किया।
उन्होंने राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवक से “नशा मुक्त मित्र” बनने और स्कूलों व कॉलेजों में छात्रों से जुड़कर, स्वस्थ तथा उपयोगी जीवनशैली को बढ़ावा देकर युवाओं को सही मार्ग चुनने के लिए प्रोत्साहित करके इस अभियान के एंबेसडर के तौर पर काम करने का आग्रह किया। उन्होंने शिक्षण संस्थानों और समुदायों में ऐसा माहौल बनाने के महत्व पर ज़ोर दिया जहां युवा मार्गदर्शन और मदद ले सकें।