जुलाई 10, 2026 8:04 पूर्वाह्न

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कुशल कार्यबल और नवाचार के कारण भारत वैश्विक क्षमता केंद्रों के पसंदीदा देशों में शामिल: वित्त मंत्री

वित्त मंत्री निर्मला सीतारामन ने कहा है कि कुशल कार्यबल, मजबूत संस्थानों और नवाचार के कारण भारत वैश्विक क्षमता केंद्रों – जीसीसी के लिए सबसे पसंदीदा देशों में शामिल है।

नई दिल्ली में सीआईआई राष्ट्रीय जीसीसी बिजनेस समिट-2026 को संबोधित करते हुए वित्तमंत्री ने कहा कि देश में इक्कीस सौ से अधिक जीसीसी हैं, जहां 23 लाख से अधिक लोग प्रत्यक्ष रूप से कार्यरत हैं। इन केंद्रों से हर साल लगभग दस हज़ार करोड़ डॉलर का राजस्व प्राप्त होता है।

उन्होंने कहा कि यह केंद्र इंजीनियरिंग, अनुसंधान, आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस, साइबर सुरक्षा, वित्त, उत्पाद डिजाइन और डेटा विज्ञान को एक साथ लाकर नवाचार को बढ़ावा दे रहे हैं।

वित्त मंत्री ने कहा कि बहुराष्ट्रीय कंपनियां अपने क्षमता केंद्र भारत में स्थापित करने की अधिक इच्छा रखती हैं। उन्होंने बल देकर कहा कि भारत का जीसीसी पारिस्थितिकी तंत्र विश्व का सबसे बड़ा संगठित ज्ञान निर्यात केंद्र है। वित्त मंत्री ने कहा कि भारत की आकांक्षा केवल विश्व के क्षमता केंद्रों की मेजबानी करना ही नहीं है, बल्कि भविष्य की नई प्रौद्योगिकियों और उद्यमों का नेतृत्व करना भी है।