अमरीका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रम्प ने स्वीकार किया है कि ईरान में आठ महीने से जारी संघर्ष से अमरीका के मध्यावधि चुनाव पर गहरा असर पड़ा है। संवाददाता सम्मेलन के दौरान राष्ट्रपति ट्रम्प ने कहा कि युद्ध के कारण पेट्रोल की बढ़ती कीमतों से मतदाता काफी परेशान थे।
मध्यावधि चुनाव में डेमोक्रेटिक पार्टी ने प्रतिनिधि सभा और सीनेट, दोनों में बहुमत हासिल किया है। रिपब्लिकन पार्टी को हुए राजनीतिक नुकसान के बाद भी राष्ट्रपति ट्रम्प ने अपनी विदेश नीति का बचाव करते हुए कहा कि ईरान के खिलाफ सैन्य अभियान चलाना बेहद ज़रूरी था। उन्होंने कहा कि ईरान को परमाणु हथियार हासिल करने से रोकना उनकी दीर्घकालिक प्राथमिकता है। उन्होंने चुनाव परिणामों को अपने खिलाफ जनादेश मानने से भी इनकार किया। राष्ट्रपति ट्रम्प ने कहा कि वह स्वयं चुनाव मैदान में नहीं थे।
इस बीच, अमरीका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने प्रशासन की सैन्य रणनीति से दूरी बनाते हुए सोशल मीडिया पर कहा कि युद्ध ही चुनाव में हार का मुख्य कारण बना। वहीं, लुइसियाना के सांसद माइक जॉनसन ने घोषणा की है कि वे प्रतिनिधि सभा में रिपब्लिकन पार्टी के नेता पद के लिए दोबारा चुनाव नहीं लड़ेंगे।
डेमोक्रेटिक पार्टी की जीत के बाद वैश्विक ऊर्जा बाजारों में ब्रेंट कच्चे तेल की कीमतों में आठ प्रतिशत से अधिक की गिरावट दर्ज की गई, जो एक महीने में पहली बार 100 डॉलर प्रति बैरल से नीचे थी।
नवनिर्वाचित डेमोक्रेटिक नेताओं ने कहा है कि वे पेट्रोल, खाद्य पदार्थों और स्वास्थ्य सेवाओं की कीमतें कम करने के लिए जल्द विधायी कदम उठाएंगे। इसके साथ ही, वह ईरान युद्ध पर ट्रम्प प्रशासन द्वारा लिए गए फैसलों की भी व्यापक जांच शुरू करेंगे।