केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने आज वित्त और कार्पोरेट कार्य मंत्री निर्मला सीतारामन से मुलाकात की और केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सी.बी.एस.ई.) परिणाम और पुनर्मूल्यांकन प्रक्रिया के दौरान तकनीकी और भुगतान से संबंधित चुनौतियों के बारे में बातचीत की।
शिक्षा मंत्रालय ने कहा है कि विचार-विमर्श के दौरान यह तय किया गया कि भारतीय स्टेट बैंक, बड़ौदा बैंक, कैनरा बैंक और इंडियन बैंक सीबीएसई की भुगतान प्रणाली को सुदृढ़ करने में मदद करेंगे। बयान के अनुसार ये बैंक समयबद्ध भुगतान और संबंधित तकनीकी समस्याओं का समाधान करेंगे तथा ऑटोमेटिक पुनर्भुगतान सुनिश्चित करेंगे।
श्री प्रधान ने सीबीएसई को अपनी भुगतान प्रणाली में पूरी तरह बदलाव के निर्देश दिए हैं। शिक्षा मंत्रालय का मानना है कि वित्त मंत्रालय और सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के साथ समन्वित प्रयास से निर्बाध डिजिटल लेनदेन, बेहतर भुगतान गेटवे और सीबीएसई पुनर्मूल्यांकन और संबंधित सेवाओं का लाभ उठाने वाले विद्यार्थियों के लिए एक सहज अनुभव सुनिश्चित होगा।