संयुक्त अरब अमीरात-यूएई की जांच में खुलासा हुआ है कि फ्लाईदुबई की घटना में ओमान के सह-पायलट द्वारा सुनियोजित तरीके से आतंकवादी साजिश हुई थी। यूएई के अटॉर्नी-जनरल काउंसलर डॉ. हमाद सैफ अल शम्सी ने कल इस घटना की लोक अभियोजन जांच के बारे में जानकारी दी।
जांच में पता चला कि 2017 में ऑस्ट्रेलिया में पढ़ाई के दौरान संदिग्ध का कथित कट्टरपंथीकरण शुरू हुआ। बताया जाता है कि वह चरमपंथी साहित्य और आतंकवादी संगठनों और आत्मघाती हमलों को बढ़ावा देने वाली ऑनलाइन सामग्री से प्रभावित था। जांच के निष्कर्षों के अनुसार, संदिग्ध अमरीका में हुए 11 सितंबर के हमलों से भी प्रेरित था।
एमिरेट्स न्यूज़ एजेंसी ने बताया कि संदिग्ध ने अपने वकील की उपस्थिति में, सभी कानूनी सुरक्षा उपायों का पालन करते हुए, विस्तृत कबूलनामा दिया। उसके कबूलनामे में कथित साजिश के पीछे के उसके मकसद और उसे अंजाम देने की योजना बनाने और प्रयास करने के विभिन्न चरणों का ब्यौरा दिया गया है।
यूएई लोक अभियोजन ने विमान के कैप्टन, वापसी उड़ान के लिए नियुक्त पायलट, उसके सह-पायलट और अन्य चालक दल के सदस्यों के बयान भी दर्ज किए हैं। जांच जारी है और लोक अभियोजन सबूतों की जांच, रिकॉर्डिंग और तकनीकी रिपोर्टों की समीक्षा करने के साथ-साथ कथित साजिश से जुड़े संभावित सहयोगियों या अन्य संबंधों की भी छानबीन कर रहा है।