केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा है कि भारत और यूरोपीय संघ के बीच साझेदारी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, क्वांटम टेक्नोलॉजी, सेमीकंडक्टर, जैव प्रौद्योगिकी और उन्नत अनुसंधान जैसे रणनीतिक क्षेत्रों में सहयोग के नए अवसर खोल रही है। उन्होंने यूरोपीय संसद की उद्योग, अनुसंधान एवं ऊर्जा समिति के प्रतिनिधिमंडल के साथ हुई बैठक के दौरान यह बात कही।
इस दौरान, मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि भारत और यूरोपीय संघ की रणनीतिक साझेदारी पारस्परिक हितों वाले क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने की अपार संभावनाएं रखती है। उन्होंने कहा कि विज्ञान, प्रौद्योगिकी और नवाचार दोनों पक्षों के संबंधों का एक महत्वपूर्ण स्तंभ बन चुके हैं। प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व ऑस्ट्रिया की एंजेलिका विनजिग और यूरोपीय संसद सदस्य राफेले स्टांकानेली ने किया। भारत के नवाचार एजेंडे का उल्लेख करते हुए डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि अनुसंधान और नवाचार ‘विकसित भारत 2047’ की परिकल्पना के केंद्र में हैं।