अक्टूबर 19, 2026 6:43 अपराह्न

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फ्रांस ने मार्सेई शहर में सभी प्रदर्शनों और सभाओं पर रोक लगाई

दक्षिणी फ्रांस के बूश-द्यु-रोन क्षेत्र की पुलिस ने आज स्थानीय समय के अनुसार दोपहर बारह बजे से रात आठ बजे तक मार्सेई शहर में सभी सभाओं और प्रदर्शनों पर रोक लगा दी है।

फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने शनिवार को देशभर में हुए प्रदर्शनों के दौरान हिंसा के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने का फैसला लिया है। कल देशव्यापी प्रदर्शनों में लगभग पांच लाख पचास हजार लोगों ने हिस्सा लिया। जिनमें किसान, ट्रेड यूनियन, जलवायु कार्यकर्ता और विद्यार्थी शामिल थे। प्रदर्शनकारी ईंधन की बढ़ती कीमतों, महंगाई और सार्वजनिक सेवाओं में कटौती से राहत की मांग कर रहे थे।

ये प्रदर्शन जल्द ही हिंसक झड़पों में बदल गए। फ्रांस के गृह मंत्रालय के अनुसार देशभर में नौ सौ सत्तानवे पुलिसकर्मी और अर्धसैनिक बलों के जवान घायल हुए, जिनमें सात की हालत गंभीर है। इस दौरान दो हजार तीन सौ सत्तानवे लोगों को गिरफ्तार किया गया।

इस बीच उत्तरी इटली में भी महंगाई और जीवन-यापन की बढ़ती लागत के खिलाफ प्रदर्शन हुए। जिसमें सैकड़ों प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पटाखे और बोतलें फेंकीं। बेल्जियम की राजधानी ब्रसेल्स में भी शिक्षा सुधारों और महंगाई के विरोध में सड़कों पर उतरे विद्यार्थियों और उनके समर्थकों की पुलिस से झड़पें हुईं।

पुर्तगाल के लिस्बन, पोर्टो, कोइम्ब्रा और अन्य शहरों में हजारों लोगों ने किफायती आवास उपलब्ध कराने और महंगाई पर रोक लगाने की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। यूरोप के कई नेताओं ने हिंसा की निंदा करते हुए उपद्रव करने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने की बात कही। इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी ने भी इस अराजकता की कड़ी निंदा की है।