लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा है कि शिक्षा केवल ज्ञान अर्जित करने का माध्यम नहीं है बल्कि समग्र व्यक्तित्व विकास और जीवन मूल्यों को समाहित करने की निरंतर प्रक्रिया भी है। श्री बिरला ने कहा कि आज के बदलते युग में युवाओं के लिए यह आवश्यक है कि वे नवाचार, मूल सोच और प्रौद्योगिकी की दिशा में आगे बढें। उन्होंने यह बात आज नई दिल्ली में दिल्ली पब्लिक स्कूल के वार्षिक समारोह के दौरान कही।
श्री बिरला ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के जरिए देश नई दिशा में बढ़ रहा है जिससे विद्यार्थियों में जिज्ञासा, प्रतिभा और कौशल को प्रोत्साहन मिलता है। लोकसभा अध्यक्ष ने युवाओं में लोकतांत्रिक समझ विकसित करने पर जोर दिया। उन्होंने 2047 तक विकसित भारत के निर्माण के संकल्प को साकार करने में विद्यार्थियों को सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रोत्साहित किया।