विदेश मंत्रालय ने आज कहा कि ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में नई दिल्ली घोषणा-पत्र पर सहमति भारत की विभिन्न स्तरों पर वर्षों चले सहयोग के परिणामस्वरूप संभव हुई है। नई दिल्ली के भारत मंडपम् में आज शाम मीडिया को विदेश मंत्रालय के सचिव सुधाकर दलेला ने कहा कि नई दिल्ली घोषणा-पत्र को अपनाना भारत की अध्यक्षता के प्रमुख परिणामों में से एक था। उन्होंने कहा कि भारत की अध्यक्षता जनकेंद्रित रही है। श्री दलेला ने भारत की अध्यक्षता के दौरान सहयोग के लिए ब्रिक्स देशों को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि ब्रिक्स की भारत की अध्यक्षता से पचास से अधिक परिणाम प्राप्त हुए हैं। उन्होंने कहा कि ब्रिक्स देशों ने व्यावहारिक विकासोन्मुखी परिणाम प्राप्त करने के लिए मिलकर काम किया। उन्होंने कहा कि आज के सत्र में ब्रिक्स नेताओं ने अपने-अपने राष्ट्रीय दृष्टिकोण से बात की, लेकिन बहुपक्षवाद को मजबूत करने और वैश्विक शासन संस्थानों को अधिक प्रतिनिधि, समावेशी, प्रभावी और आज की वास्तविकताओं के प्रति उत्तरदायी बनाने की आवश्यकता पर व्यापक सहमति थी।
News On AIR | सितम्बर 12, 2026 9:08 अपराह्न
नई दिल्ली घोषणा-पत्र पर सहमति वर्षों के सहयोग का परिणाम: विदेश मंत्रालय