श्रम और रोजगार मंत्री मनसुख मांडविया ने आज हैदराबाद के सनतनगर ईएसआईसी अस्पताल में 211 करोड़ रुपये की लागत से बने अत्याधुनिक बाह्य रोगी विभाग-ओपीडी ब्लॉक का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उनके साथ राज्य मंत्री जी. विवेक वेंकटस्वामी भी मौजूद रहे।
श्री मांडविया ने देश के विभिन्न हिस्सों में 650 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाली छह अन्य ईएसआई परियोजनाओं का भी वर्चुअल माध्यम से उद्घाटन किया। इन परियोजनाओं से देशभर के 53 लाख लाभार्थियों को आईसीयू और एनआईसीयू सहित आधुनिक और निःशुल्क चिकित्सा सुविधाएं मिलेंगी। उद्घाटन के बाद दोनों मंत्रियों ने अस्पताल के निर्माण में योगदान देने वाले श्रमिकों का सम्मान भी किया।
इस अवसर पर श्री मांडविया ने कहा कि श्रमिक और युवा शक्ति देश की प्रगति के दो सबसे महत्वपूर्ण आधार हैं। उन्होंने कहा कि तकनीक के विकास के बावजूद बुनियादी ढांचा निर्माण में श्रमिकों की भूमिका का कोई विकल्प नहीं है। इसलिए सरकार सामाजिक सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में पिछले दस वर्षों में ईएसआईसी के लाभार्थियों की संख्या साढ़े सात करोड़ से बढ़कर 15 करोड़ हो गई है। इसके साथ ही देश में सामाजिक सुरक्षा का दायरा 19 प्रतिशत से बढ़कर 64 प्रतिशत हो गया है।
श्री मांडविया ने बताया कि नए चार श्रम संहिताओं के अंतर्गत श्रमिकों को नियुक्ति पत्र, महिलाओं को समान वेतन और एक वर्ष की सेवा के बाद ग्रेच्युटी का अधिकार सुनिश्चित किया गया है। उन्होंने उद्योगों और श्रमिक संगठनों से विकसित भारत 2047 के लक्ष्य को हासिल करने के लिए मिलकर काम करने का आह्वान किया। साथ ही विश्वास जताया कि यह नई अस्पताल सुविधा लाखों लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराएगी।