वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा है कि भारत के चमड़ा और जूते उद्योग का निर्यात लगभग साढे़ चार अरब डॉलर है। 38 विकसित देशों द्वारा मुक्त व्यापार समझौतों के माध्यम से अपने बाजार खोले जाने के कारण इसमें विकास की अपार संभावनाएं हैं। इन देशों में ब्रिटेन, ओमान, संयुक्त अरब अमीरात और अन्य देश शामिल हैं।
नई दिल्ली में आयोजित चमड़ा निर्यात परिषद राष्ट्रीय निर्यात उत्कृष्टता पुरस्कार 2024-25 समारोह में श्री गोयल ने कहा कि इक्वाडोर सहित कई देश भारत के साथ मुक्त व्यापार समझौते करने के इच्छुक हैं। इससे भारतीय निर्यातकों के लिए नए अवसर पैदा हो रहे हैं।
निर्यात स्थलों में विविधता लाने की आवश्यकता को लेकर वाणिज्य और उद्योग मंत्री ने कहा कि भारत के चमड़ा निर्यात का 77 प्रतिशत हिस्सा वर्तमान में केवल 15 देशों को जाता है। श्री गोयल ने कहा कि इसकी संभावनाएं जूतों से कहीं आगे बढ़कर बैग, वॉलेट, घोड़े की काठी, जैकेट, कपड़े और परिधान तक फैली हुई हैं।
उन्होंने कहा कि चमड़े जैसा व्यापक उपयोग वाला उद्योग शायद ही कोई हो, और चमड़े का उपयोग जीवन के लगभग हर पहलू में होता है। श्री गोयल ने फर्नीचर और उच्च श्रेणी के वॉल कवरिंग सहित घर के सामनों में चमड़े के उपयोग का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि यह उद्योग उत्पादों और मूल्य श्रेणियों की एक विशाल श्रृंखला को पूरा करता है।