स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने कहा है कि वैश्विक स्तर पर फार्मास्युटिकल उद्योग में हो रहे बदलावों के बीच भारतीय फार्मा उद्योग अच्छी स्थिति में है। नई दिल्ली में एफआईसीसी द्वारा आयोजित इंडिया फार्मा 2026 सम्मेलन में वीडियो संदेश में श्री नड्डा ने नवाचार को समर्थन देने, अनुसंधान क्षमताओं को मजबूत करने और मूल्य आधारित विकास को बढ़ावा देने वाले नीतिगत ढांचे के निर्माण के लिए सरकार की प्रतिबद्धता की पुष्टि की। उन्होंने कहा कि किफायती और जेनेरिक दवाओं में अग्रणी भूमिका के कारण भारत ने विश्व फार्मेसी के रूप में पहचान हासिल की है।
इस अवसर पर स्वास्थ्य और परिवार कल्याण राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने कहा कि आज पूरी दुनिया, किफायती दवाओं की तलाश में है और बाजार तेजी से विस्तारित हो रहा है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2030 तक दवा बाजार के लगभग 75 अरब डॉलर तक बढ़ने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि भारत, विश्व स्तर पर जेनेरिक दवाओं का सबसे बड़ा आपूर्तिकर्ता रहा है और दुनिया में 20 प्रतिशत तथा टीकों की 70 प्रतिशत मांग को पूरा करता है।