मई 21, 2026 9:52 अपराह्न

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भारत और मिस्र ने आतंकवाद का मुकाबला करने में द्विपक्षीय सहयोग के महत्व पर बल दिया

भारत और मिस्र ने आतंकवाद का मुकाबला करने में द्विपक्षीय सहयोग के महत्व पर बल दिया है। दोनो देशों ने सीमा पार आतंकवाद सहित आतंकवाद के सभी रूपों की कड़ी निंदा की और आतंकवाद के प्रति शून्य सहिष्णुता के सिद्धांत की पुष्टि की। दोनों पक्षों ने कहा कि आतंकवाद को किसी भी धर्म, राष्ट्रीयता, सभ्यता या जातीय समूह से नहीं जोड़ा जाना चाहिए। भारत और मिस्र के बीच आतंकवाद-रोधी संयुक्त कार्य समूह की 5वीं बैठक कल नई दिल्ली में हुई। बैठक में पिछले वर्ष अप्रैल में जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए जघन्य आतंकवादी हमले और पिछले वर्ष नवंबर में नई दिल्ली के लाल किले के पास हुई आतंकी घटना की कड़ी निंदा की गई। दोनो पक्षों ने कहा कि आतंकवादी गतिविधियों में शामिल सभी लोगों और उनके समर्थकों को जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए और न्याय के कटघरे में लाया जाना चाहिए। दोनों देशों ने निरंतर द्विपक्षीय और बहुपक्षीय प्रयासों के माध्यम से प्रशिक्षण और क्षमता निर्माण, साइबर सुरक्षा, न्यायिक सहयोग, सर्वोत्तम प्रथाओं के आदान-प्रदान और सूचना साझाकरण के क्षेत्रों में सहयोग को मजबूत करने के तरीकों पर चर्चा की। आतंकवादरोधी संयुक्त कार्य समूह की अगली बैठक मिस्र में आयोजित की जाएगी।