सरकार ने सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रही उन अफवाहों का खंडन किया है जिनमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ए.आई वीडियो के जरिए विभिन्न सरकारी योजनाओं का प्रचार किया जा रहा है। पत्र सूचना कार्यालय की तथ्य जांच इकाई ने स्पष्ट किया है कि ये वीडियो फर्जी हैं।
कार्यालय ने लोगों से ऐसे वीडियो और पोस्ट से सतर्क रहने का आग्रह किया है। संदिग्ध लिंक या पंजीकरण फॉर्म के माध्यम से अपनी व्यक्तिगत या वित्तीय जानकारी साझा न करने की भी सलाह दी गई है।
नागरिकों से संबंधित विभाग के आधिकारिक स्रोतों के माध्यम से ही सरकारी योजनाओं से संबंधित दावों का सत्यापन करने का आग्रह किया गया है।