सरकार ने तीन लाख रुपये तक की छोटी निर्यात खेपों के लिए पंजीकरण-सह-सदस्यता प्रमाणपत्र-आर.सी.एम.सी या पंजीकरण प्रमाणपत्र की आवश्यकता से छूट दी है। वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय ने कहा कि इस कदम का उद्देश्य नए और छोटे निर्यातकों के लिए अनुपालन बोझ कम करना तथा डाक, कूरियर और अन्य उभरते चैनलों के माध्यम से निर्यात को सुगम बनाना है। तीन लाख रुपये से अधिक की निर्यात खेपों के लिए, वैध आर.सी.एम.सी या पंजीकरण प्रमाणपत्र की आवश्यकता बनी रहेगी।
मंत्रालय ने कहा कि इससे एमएसएमई, कारीगरों, छोटे व्यवसायों और पहली बार निर्यात करने वालों को आर.सी.एम.सी प्राप्त किए बिना अंतरराष्ट्रीय बाजारों में प्रवेश का अवसर मिलेगा। मंत्रालय ने कहा कि इससे उभरते निर्यातकों को कम प्रारंभिक अनुपालन आवश्यकताओं के साथ विदेशी बाजारों को परखने और निर्यात अनुभव हासिल करने में मदद मिलेगी।
मंत्रालय ने कहा कि परिचालन का विस्तार होने और निर्यात खेप के तीन लाख रुपये से अधिक होने पर निर्यातक संबंधित निर्यात संवर्धन परिषदों या कमोडिटी बोर्डों की सदस्यता प्राप्त कर सकते हैं।