जुलाई 18, 2026 2:21 अपराह्न

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अमरीका और ईरान के बीच हमलें जारी, कच्चे तेल की कीमत 86 डॉलर प्रति बैरल के पार

अमरीका और ईरान के बीच हमलें जारी हैं। दोनों देशों ने सैन्य ठिकानों और महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचे को निशाना बनाकर हमले किए। होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर संघर्ष तेज़ होने के बीच दोनों देशों के बीच हुई अंतरिम युद्धविराम समाप्ति के बाद हालात और तनावपूर्ण हो गए हैं।

अमरीकी केन्‍द्रीय कमान के अनुसार लगातार सातवीं रात किए गए हमलों में ईरान के निगरानी केंद्रों, सैन्य रसद सुविधाओं, भूमिगत हथियार भंडारों और समुद्री परिसंपत्तियों को निशाना बनाया गया। इस बीच, संघर्ष का असर पूरे खाड़ी क्षेत्र में भी दिखाई दिया। कुवैत ने ईरानी मिसाइलों और ड्रोन को रोकने का दावा किया है। इराक ने एरबिल के ऊपर हमला करने वाले ड्रोन मार गिराने की जानकारी दी, जबकि जॉर्डन ने भी ईरानी मिसाइलों को अवरोधित करने की पुष्टि की। बहरीन में भी कई बार हवाई हमले के सायरन बजाए गए।

ईरान की मीडिया के अनुसार, अमरीकी हवाई हमलों में होर्मुज़गान प्रांत के एक बिजली संयंत्र और जलशोधन संयंत्र को नुकसान पहुंचा है। ईरान के अधिकारियों का कहना है कि हाल के अमरीकी हमलों में 46 लोगों की मौत हुई है और 400 से अधिक लोग घायल हुए हैं। वहीं, अमेरिका ने बताया कि उसके 13 और सैनिक घायल हुए हैं, संघर्ष शुरू होने के बाद से घायल अमेरिकी सैन्यकर्मियों की संख्या बढ़कर 427 हो गई है।

इस बीच, ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य से जहाजों की आवाजाही पर प्रतिबंध जारी रखा है। ईरान का कहना है कि इस जलमार्ग पर उसका पूर्ण नियंत्रण होना चाहिए और यहां से गुजरने वाले जहाजों को ईरान को शुल्क देना चाहिए। वैश्विक बाजार में कच्चे तेल की कीमत 86 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर पहुंच गई है।