भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड-सेबी के अध्यक्ष तुहिन कांता पांडे ने नव नियुक्त अधिकारियों से सत्यनिष्ठा, निष्पक्षता और जनहित को बनाए रखने का आग्रह किया और भारत के पूंजी बाजारों की नींव के रूप में विश्वास पर जोर दिया।
आज एनआईएसएम में आयोजित एक दीक्षांत कार्यक्रम में अधिकारियों को संबोधित करते हुए अध्यक्ष ने कहा कि सेबी की भूमिका विनियमन से परे निवेशकों के विश्वास की रक्षा तक फैली हुई है। उन्होंने निरंतर सीखने पर जोर दिया और पेशेवर विकास के लिए सेबी के समर्पित क्षमता निर्माण विभाग और शिक्षा पोर्टल का उल्लेख किया।
श्री पांडे ने एआई-सक्षम पर्यवेक्षी उपकरणों सहित प्रौद्योगिकी की बढ़ती भूमिका को स्वीकार करते हुए इस बात पर बल दिया कि नियामक निर्णय लेने में मानवीय विवेक, निष्पक्षता और सत्यनिष्ठा को विशेष महत्व दिया जाना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों से आग्रह किया कि वे भारत के पूंजी बाजारों की विश्वसनीयता को मजबूत करें क्योंकि देश विकास और वैश्विक एकीकरण के एक नए चरण में प्रवेश कर रहा है।