रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि ऑपरेशन सिंदूर के दौरान स्वदेशी प्रक्षेपास्त्र प्रणालियों का असाधारण प्रदर्शन भारत की रक्षा अनुसंधान और विकास व्यवस्था की बढ़ती शक्ति का प्रमाण है। श्री राजनाथ सिंह ने कल हैदराबाद में डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्रक्षेपास्त्र परिसर के अंतर्गत रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (डीआरडीओ) की रक्षा अनुसंधान और विकास प्रयोगशाला में उन्नत हथियार प्रणाली परिसर का उद्घाटन किया।
रक्षा मंत्री ने कहा कि डीआरडीओ की आकाश और ब्रह्मोस प्रणालियों ने वैश्विक रक्षा प्रौद्योगिकी व्यवस्था में भारत की क्षमता प्रदर्शित की है। श्री सिंह ने कहा कि शांति के लिए शक्ति आवश्यक है और आत्मनिर्भरता उस शक्ति का सबसे विश्वसनीय आधार है।
रक्षा मंत्री ने युद्ध की तेजी से बदलती प्रकृति के मद्देनजर राष्ट्रीय सुरक्षा हितों की रक्षा के लिए सुगमता और प्रतिरोध क्षमता के महत्व पर भी बल दिया। उन्होंने भविष्य की चुनौतियों का सामना करने के लिए सशस्त्र बलों को अत्याधुनिक प्रणालियों से सुसज्जित करने की आवश्यकता पर बल दिया।