श्रीलंका के केंद्रीय बैंक के गवर्नर डॉ. नंदलाल वीरसिंघे ने चेतावनी दी है कि यदि पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के कारण वैश्विक ईंधन की कीमतें बढ़ती रहीं, तो देश में मुद्रास्फीति लगभग 7 प्रतिशत तक बढ़ सकती है। उन्होंने बताया कि वर्तमान में मुद्रास्फीति लगभग 5.4 से 5.5 प्रतिशत रहने का अनुमान है।
डॉ. वीरसिंघे ने कहा कि पश्चिम एशिया में लंबे समय से चली आ रही अस्थिरता से ईंधन की कीमतें बढ़ गई हैं, जो श्रीलंका जैसी आयात-निर्भर अर्थव्यवस्थाओं के लिए जोखिम पैदा करती हैं। उन्होंने कीमतों में वृद्धि को रोकने के लिए आने वाले महीनों में घरेलू मांग को नियंत्रित करने की आवश्यकता पर बल दिया।