रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह आज कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में एक समारोह में हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड-एचएएल के विमानों और हेलीकॉप्टरों को भारतीय वायुसेना तथा पवन हंस को सौंपे जाने के कार्यक्रम में शामिल होंगे। दो हल्के लड़ाकू एफओसी ट्रेनर विमान तथा पहला हिन्दुस्तान टर्बो ट्रेनर-एचटीटी 40 बेसिक ट्रेनर विमान वायु सेना को और चार ध्रुव नेक्स्ट जेनरेशन हैलीकॉप्टर पवन हंस को सौंपे जाएंगे।
एचटीटी 40 विमान के वायु सेना में शामिल होने से सैन्य पायलट प्रशिक्षण में भारत की आत्मनिर्भरता मजबूत होगी। यह विमान स्वदेशी रूप से डिजाइन और विकसित किया गया है जो आधुनिक कॉकपिट से लैस है। ध्रुव नेक्स्ट जेनरेशन हैलीकॉप्टर भारत का पहला स्वदेशी निर्मित असैन्य हैलीकॉप्टर है जो उड़ान सुरक्षा मानकों-एएस-4 की आवश्यकताओं को पूरा करता है। यह अपतटीय अभियानों सहित असैन्य उपयोगों के लिए उपयुक्त है। हिन्दुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड की 2033-34 तक वायुसेना को दो सीटों वाले 29 एमके1ए हल्के लडाकू विमान वायु सेना को सौंपने की योजना है।