राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने डॉक्टरों से स्वास्थ्य क्षेत्र में तकनीकी प्रगति को अपनाने का आह्वान किया है। गुजरात में एम्स राजकोट के दीक्षांत समारोह में राष्ट्रपति ने कहा कि चिकित्सा प्रौद्योगिकी में उल्लेखनीय प्रगति हुई है, लेकिन चिकित्सा पेशे का मूल तत्व करुणा ही है। उन्होंने युवा पेशेवरों से आग्रह किया कि वे लोगों के पवित्र विश्वास का सम्मान करें।
राष्ट्रपति ने कहा कि उपचार प्रक्रिया में एक डॉक्टर का व्यवहार और संवाद उतना ही महत्वपूर्ण है जितना कि उनका नैदानिक कौशल।राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने भी छात्रों से अपने पूरे करियर में सत्यनिष्ठा के मूल्यों को बनाए रखने का आग्रह किया।