जुलाई 2, 2026 2:29 अपराह्न

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पीएम मोदी और जापान की पीएम सनाए तकाइची के बीच वार्षिक शिखर सम्मेलन स्तर की बातचीत हुई

भारत और जापान ने आर्थिक और ऊर्जा सुरक्षा, फार्मास्यूटिकल्स, रक्षा तथा ए.आई सहित विभिन्न क्षेत्रों में कई समझौते किए।
 
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज नई दिल्ली में जापान की प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची के साथ वार्षिक शिखर सम्मेलन स्तर की वार्ता की। सम्मेलन में दोनों पक्षों ने द्विपक्षीय सहयोग के सभी पहलुओं की समीक्षा की। इसके साथ ही पारस्परिक हित के क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर विचार विमर्श किया गया।
 
संयुक्त संवाददाता सम्‍मेलन को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि आज के समय में सामूहिक विश्वास सबसे बड़ी संपत्ति है और भारत-जापान की द्विपक्षीय साझेदारी समय की कसौटी पर खरी उतरी है। उन्होंने कहा कि भारत और जापान आज विश्व की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में से हैं और एक स्वतंत्र और खुला हिंद-प्रशांत क्षेत्र दोनों देशों की साझा प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि दोनों देश आर्थिक सुरक्षा और ऊर्जा सुरक्षा के महत्व को समझते हैं। उन्होंने कहा कि प्रौद्योगिकी साझेदारी भारत-जापान सहयोग का सबसे महत्वपूर्ण स्तंभ होगा।
 
श्री मोदी ने कहा कि इस परिकल्पना को साकार करने के लिए भारत और जापान ने ए.आई के क्षेत्र में एक संयुक्त वक्तव्य जारी किया है। प्रधानमंत्री ने कहा कि जापान की सटीक प्रौद्योगिकी और भारत की सॉफ्टवेयर क्षमताओं का संगम वैश्विक एआई विकास को नई गति और शक्ति प्रदान करेगा। उन्होंने बताया कि रक्षा क्षेत्र में आज दोनों देशों ने भारत और जापान के बीच पहली सह-विकास परियोजना पर एक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं।
 
प्रधानमंत्री ने कहा कि ऊर्जा सुरक्षा के क्षेत्र में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। उन्होंने कहा कि भारत-जापान जैव-गैस पहल के माध्यम से भारत में एक हजार जैव-गैस और जैविक उर्वरक संयंत्र स्थापित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि इससे भारत के गांवों में स्थिरता, समृद्धि और ग्रामीण आजीविका को नई शक्ति मिलेगी।
 
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत और जापान की अर्थव्यवस्थाएं एक-दूसरे की पूरक हैं। उन्होंने कहा कि सांस्कृतिक मूल्यों से लेकर आधुनिक प्रौद्योगिकी तक, दोनों देशों की सोच और दृष्टिकोण में समानता है।
 
इससे पहले आज, प्रधानमंत्री ताकाइची का राष्ट्रपति भवन के प्रांगण में औपचारिक स्वागत किया गया। इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी उपस्थित थे।
 
जापान की प्रधानमंत्री कल शाम तीन दिन के भारत दौरे पर नई दिल्ली पहुंची। प्रधानमंत्री ताकाइची का यह भारत का पहला आधिकारिक दौरा है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि यह दौरा भारत और जापान के बीच विशेष रणनीतिक और वैश्विक साझेदारी को आगे बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। 
 
हमारे संवाददाता ने बताया है कि भारत-जापान संबंध उच्च स्तरीय राजनीतिक गतिविधियों से लगातार जुड़े रहे हैं। हाल ही में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फ्रांस में जी7 शिखर सम्मेलन के दौरान जापान की प्रधानमंत्री से बातचीत की थी। दोनों नेताओं की मुलाकात पिछले साल नवंबर में जोहान्सबर्ग में जी20 शिखर सम्मेलन से इतर हुई थी। वार्षिक शिखर सम्मेलन साझेदारी के रणनीतिक एजेंडे को आगे बढ़ाने वाला प्रमुख मंच बना हुआ है।
 
आर्थिक सुरक्षा इस रिश्ते का एक महत्वपूर्ण स्तंभ बनकर उभरी है। नवंबर 2024 में टोक्यो में आयोजित पहले आर्थिक सुरक्षा संवाद के दौरान, दोनों पक्षों ने रणनीतिक सहयोग के लिए पांच क्षेत्रों को प्राथमिकता वाले क्षेत्रों के रूप में पहचाना। ये क्षेत्र हैं: सेमीकंडक्टर, महत्वपूर्ण खनिज, फार्मास्यूटिकल्स, स्वच्छ ऊर्जा और सूचना और संचार प्रौद्योगिकी।