जून 22, 2026 10:03 पूर्वाह्न

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समुद्री सामर्थ्य के बिना कोई भी देश वैश्विक शक्ति नहीं बन सकता: प्रधानमंत्री मोदी

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा है कि किसी देश की आर्थिक और सामरिक शक्ति में समुद्री क्षमता की महत्वपूर्ण भूमिका होती है और भारत इसे मजबूत बनाने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
कल कोलकाता में स्वदेश निर्मित तीन नौसैनिक पोतों- दुनागिरी, संशोधक और अग्रय को नौसेना में शामिल करने के बाद प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बन रहा है और केवल हथियारों का खरीददार देश बनकर नहीं रहना चाहता।
उन्होंने कहा कि समुद्री सामर्थ्य के बिना कोई भी देश वैश्विक शक्ति नहीं बन सकता। विकास, सुरक्षा और समृद्धि का सीधा संबंध समुद्र से है। श्री मोदी ने कहा कि आईएनएस विक्रांत से शुरू हुई आत्मनिर्भरता की यात्रा को इन नए पोतों के शामिल होने से और गति मिलेगी।
प्रधानमंत्री ने बताया कि पिछले कुछ वर्षों में 40 से अधिक युद्धपोत और पनडुब्बियां नौसेना में शामिल की गई हैं, जबकि अन्य 45 बड़े नौसैनिक पोत निर्माणाधीन हैं।

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