मेघालय मंत्रिमंडल ने अंग्रेजी के साथ-साथ खासी और गारो भाषाओं को भी आधिकारिक दर्जा दे दिया है। राज्य मंत्रिमंडल ने आज मेघालय आधिकारिक भाषा अध्यादेश 2026 को मंजूरी दी और मेघालय राज्य अधिनियम 2005 को निरस्त कर दिया। मुख्यमंत्री कॉनराड के. संगमा ने इस फैसले को ऐतिहासिक बताया और कहा कि इस कदम का शासन पर दूरगामी प्रभाव पड़ेगा। साथ ही उन्होंने कहा कि इस फैसले से युवा सशक्त होंगे और स्वदेशी भाषाओं के उपयोग को बढ़ावा मिलेगा।
News On AIR | अप्रैल 16, 2026 8:24 अपराह्न
मेघालय मंत्रिमंडल का बड़ा फैसला, खासी और गारो को मिला आधिकारिक भाषा का दर्जा