लद्दाख में आज उपायुक्त द्रास, काचो इम्तियाज अहमद ने प्रथम द्रास जिला महोत्सव का उद्घाटन किया। यह नवगठित जिले के लिए ऐतिहासिक अवसर का परिचायक है।
दो दिवसीय इस महोत्सव का उद्देश्य द्रास की समृद्ध संस्कृति, परंपराओं, विरासत, प्राकृतिक सौंदर्य और अपार पर्यटन क्षमता को प्रदर्शित करना है।
पर्यटन, पर्यावरण जागरूकता और वन्यजीव संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए निर्देशित प्रकृति भ्रमण के साथ महोत्सव का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में द्रास और मुश्कोह घाटियों के कोमल पारिस्थितिकी तंत्र पर बल दिया गया। इसमें लुप्तप्राय हिमालयी भूरे भालू के संरक्षण और उसके प्राकृतिक आवास की सुरक्षा पर विशेष ध्यान दिया गया।
महोत्सव के अंतर्गत प्रकृति भ्रमण, हॉर्स पोलो, प्रदर्शनियाँ, सांस्कृतिक कार्यक्रम और स्थानीय उत्पादों और परंपराओं को प्रदर्शित करने वाले स्टॉल सहित विभिन्न गतिविधियों का आयोजन किया जा रहा है।
इस अवसर पर उपायुक्त द्रास, काचो इम्तियाज अहमद ने द्रास को सांस्कृतिक, पर्यावरण और साहसिक पर्यटन के लिए गंतव्य के रूप में बढ़ावा देने के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने इसके अद्वितीय पर्यावरण और समृद्ध विरासत के संरक्षण को सुनिश्चित करने की बात कही।
यह महोत्सव स्थानीय कलाकारों, युवाओं, कारीगरों, पर्यटन हितधारकों और समुदायों को अपनी प्रतिभा, उत्पादों और परंपराओं को प्रदर्शित करने के लिए महत्वपूर्ण मंच भी प्रदान कर रहा है।
यह उत्सव इस संदेश को उजागर करता है कि द्रास न केवल इतिहास और साहस की भूमि है, बल्कि संस्कृति, प्रकृति और रोमांच का भी एक गंतव्य है, जिसमें सतत पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं।