कृषि और किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने आज कहा कि देश में कृषि क्षेत्र में बदलाव लाने के लिए प्रौद्योगिकी की महत्वपूर्ण भूमिका है।
निजी समाचार पत्र में प्रकाशित लेख में श्री चौहान ने कहा कि पिछले दो वर्षों में देश में खाद्यान्न उत्पादन में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि यह वृद्धि केंद्र और राज्यों के बीच बेहतर समन्वय, योजनाओं के प्रभावी तालमेल, जलवायु अनुकूल तकनीकों को अपनाने, लक्षित निवेश और किसानों को अधिक सहायता देने का संयुक्त परिणाम है।
उन्होने कहा कि कृषि क्षेत्र की इस वृद्धि में केवल अनाज ही नहीं, बल्कि बागवानी, मुर्गी पालन, डेयरी और अन्य गतिविधियों का भी योगदान है। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि सरकार का लक्ष्य कम संशोधनों से अधिक उत्पादन करना है।
श्री चौहान ने कहा कि दूध, फल, सब्जियों, मांस और अन्य अधिक मूल्य वाले उपज पर ज्यादा ध्यान देने की जरूरत है। उन्होंने बताया कि सरकार ने प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना और मृदा स्वास्थ्य कार्ड पहल जैसी योजनाओं से आवश्यक व्यवस्था की है।
श्री चौहान ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्पष्ट किया है कि भारतीय कृषि को विकसित भारत का महत्वपूर्ण स्तंभ बनना है उन्होंने कहा कि विकसित कृषि से विकसित भारत तक की यात्रा का आकलन केवल उत्पादन से नहीं, बल्कि किसानों के जीवन स्तर में सुधार से भी किया जाएगा।